छत्तीसगढ़ में आयोजित हुआ देश का पहला राज्य स्तरीय एआई कॉन्क्लेव, मुंगेली की पारुल ओझा ने संभाली मंच संचालन की जिम्मेदारी

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पीएम श्री सेजेस दाउपारा की व्याख्याता पारुल ओझा ने राज्य स्तरीय आयोजन में किया प्रभावी मंच संचालन, जिले का बढ़ाया गौरव

मुंगेली, 21 सितंबर 2026। रायपुर स्थित पं. दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में 17 सितंबर 2026 को स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा समग्र शिक्षा के अंतर्गत राज्य स्तरीय एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) कॉन्क्लेव का आयोजन किया गया। विद्यालयीन शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार और विद्यार्थियों के समग्र विकास के उद्देश्य से आयोजित इस कॉन्क्लेव के माध्यम से छत्तीसगढ़ ने एआई आधारित शिक्षा के क्षेत्र में राज्य स्तरीय पहल करने वाला देश का पहला राज्य बनने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव उपस्थित रहे। उन्होंने शाला त्यागी (ड्रॉपआउट) बच्चों को दोबारा शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने के उद्देश्य से विकसित ‘लाइका चिन्हारी’ ऐप का विमोचन किया। इस अवसर पर स्कूल शिक्षा सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह, आयुक्त डॉ. किरण कौशल सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

शिक्षा में एआई के उपयोग पर विशेषज्ञों ने साझा किए विचार

कॉन्क्लेव में विशेषज्ञों ने शिक्षा के क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के संभावित उपयोगों पर विस्तार से चर्चा की। विशेषज्ञों के अनुसार एआई तकनीक विद्यार्थियों की सीखने की गति और लर्निंग गैप की पहचान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। इसके माध्यम से विद्यार्थियों की शैक्षणिक आवश्यकताओं को समझकर उन्हें बेहतर फीडबैक उपलब्ध कराया जा सकता है।

विशेषज्ञों ने यह भी स्पष्ट किया कि एआई शिक्षकों का विकल्प नहीं है, बल्कि यह शिक्षकों के सहयोगी के रूप में कार्य करेगा। कार्यक्रम में कॉपी जांच, मूल्यांकन और विद्यार्थियों को फीडबैक देने जैसे एआई आधारित उपयोगों का लाइव डेमो भी प्रस्तुत किया गया।

देश-विदेश की प्रमुख तकनीकी संस्थाओं के विशेषज्ञ हुए शामिल

राज्य स्तरीय एआई कॉन्क्लेव में गूगल, वाधवानी एआई, अमेजन, माइक्रोसॉफ्ट, एडोब, खान एकेडमी, फिजिक्स वाला, आईआईटी भिलाई, आईआईएम रायपुर, एनआईटी रायपुर और चिप्स सहित देश-विदेश की प्रतिष्ठित तकनीकी संस्थाओं एवं कंपनियों के विशेषज्ञों ने सहभागिता की। विशेषज्ञों ने एआई और शिक्षा के क्षेत्र में संभावनाओं, नवाचारों और तकनीकी उपयोग को लेकर अपनी प्रस्तुतियां एवं विचार साझा किए।

कार्यक्रम में प्रदेशभर से शिक्षक और शिक्षा क्षेत्र से जुड़े प्रतिनिधि भी शामिल हुए।

मुंगेली की पारुल ओझा ने संभाली मंच संचालन की जिम्मेदारी

इस महत्वपूर्ण राज्य स्तरीय आयोजन में मुंगेली जिले के पीएम श्री सेजेस दाउपारा, मुंगेली की व्याख्याता (भौतिक शास्त्र, अंग्रेजी माध्यम) सुश्री पारुल ओझा और सहायक ग्रेड-2 श्री राकेश साहू ने सहभागिता की।

सुश्री पारुल ओझा ने कॉन्क्लेव में मंच संचालन (स्टेज एंकरिंग) की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली। उन्होंने पूरे कार्यक्रम का प्रभावी, व्यवस्थित और गरिमापूर्ण ढंग से संचालन किया। वहीं श्री राकेश साहू ने कार्यक्रम की अन्य व्यवस्थाओं में सहयोग प्रदान किया।

राज्य स्तरीय आयोजन में मंच संचालन की जिम्मेदारी निभाकर पारुल ओझा ने अपने आत्मविश्वास, संचार कौशल और कार्यक्रम प्रबंधन क्षमता का परिचय दिया। उनके इस सराहनीय योगदान से पीएम श्री सेजेस दाउपारा मुंगेली सहित पूरे जिले का नाम राज्य स्तर पर गौरवान्वित हुआ।

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