उचित मूल्य दुकान में लाखों का गबन, महिला स्व सहायता समूह पर प्रशासन की बड़ी कार्रवाई

मुंगेली। जिले के लोरमी विकासखंड अंतर्गत संचालित शासकीय उचित मूल्य दुकान साल्हेघोरी में भारी अनियमितताओं का मामला सामने आया है। खाद्य विभाग की जांच में मां सरस्वती महिला स्व सहायता समूह द्वारा सैकड़ों क्विंटल खाद्यान्न की अफरा-तफरी किए जाने का खुलासा हुआ है। मामले में शासन को लाखों रुपये की आर्थिक क्षति पहुंचने की बात कही गई है। फिलहाल प्रकरण अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) लोरमी न्यायालय में लंबित है।
खाद्य विभाग से मिली जानकारी के अनुसार 14 अगस्त 2025 तक उक्त राशन दुकान का संचालन मां सरस्वती महिला स्व सहायता समूह द्वारा किया जा रहा था। विभागीय भौतिक सत्यापन के दौरान विभिन्न वर्षों में खाद्यान्न की गंभीर कमी पाई गई। सितंबर 2022 में हुए सत्यापन में 88.76 क्विंटल चावल, 5.14 क्विंटल शक्कर और 5.28 क्विंटल नमक कम मिला, जिसकी अनुमानित राशि 3 लाख 62 हजार 454 रुपये आंकी गई। विभाग द्वारा कारण बताओ नोटिस जारी किए जाने के बावजूद राशि जमा नहीं कराई गई।
इसके बाद मार्च 2024 में हुए सत्यापन में 242.27 क्विंटल चावल, 3.70 क्विंटल शक्कर और 3.22 क्विंटल नमक की कमी पाई गई। इसकी अनुमानित कीमत 9 लाख 56 हजार रुपये से अधिक बताई गई। विभाग ने राशि जमा कराने के लिए मांग पत्र जारी किया, लेकिन भुगतान नहीं होने पर तहसीलदार लोरमी को भू-राजस्व बकाया की तरह वसूली कार्रवाई शुरू करने पत्र भेजा गया।
मार्च 2025 के भौतिक सत्यापन में भी 48.32 क्विंटल चावल कम पाया गया। लगातार सामने आ रही अनियमितताओं को देखते हुए 14 अगस्त 2025 को दुकान संचालन का आवंटन निलंबित कर दिया गया। वहीं, दुकान का प्रभार सौंपते समय भी खाद्यान्न की कमी मिलने पर अलग से नोटिस जारी किया गया।
खाद्य विभाग के अनुसार कुल मिलाकर 403.28 क्विंटल चावल, 10.38 क्विंटल शक्कर और 9.51 क्विंटल नमक की अफरा-तफरी का मामला दर्ज है और प्रशासनिक कार्रवाई जारी है।

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *