शासन पर निजी भूमि को सरकारी बताकर जबरन चौड़ीकरण का आरोप, मुआवजा भी नहीं दिया गया

शासन पर निजी भूमि को सरकारी बताकर जबरन चौड़ीकरण का आरोप, मुआवजा भी नहीं दिया गया

बिलासपुर, 3 जून:
अमरिया चौक से होकर गुजरने वाली सड़क पर शासन द्वारा किए जा रहे चौड़ीकरण कार्य को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। स्थानीय भूमि स्वामियों का आरोप है कि उनके निजी रास्ते पर शासन द्वारा अवैध रूप से अधिग्रहण कर नाला निर्माण किया गया है, जबकि इस भूमि के लिए अब तक किसी प्रकार का मुआवजा नहीं दिया गया।

शिकायतकर्ताओं के अनुसार, बिलासपुर विकास योजना 2011 के अनुसार उक्त मार्ग की अधिकतम स्वीकृत चौड़ाई 18 मीटर (लगभग 60 फीट) ही निर्धारित थी, और वर्तमान में यही चौड़ाई सड़क पर विद्यमान है। इसके बावजूद अधिकारियों द्वारा आगे और चौड़ीकरण करने का दबाव बनाया जा रहा है, जिससे स्थानीय निवासियों और दुकानदारों में रोष है।

स्थानीय व्यापारियों और भूमि मालिकों का कहना है कि विधि अनुसार निर्मित दुकानों, मकानों और बाउंड्री वॉल को यदि नगर पालिका निगम या शासन के किसी विभाग द्वारा अवैध तरीके से क्षतिग्रस्त किया गया, तो उसके लिए पूरी जिम्मेदारी शासन और नगर पालिका निगम बिलासपुर की होगी।

शिकायतकर्ताओं ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि उनके वैध निर्माणों को नुकसान पहुंचाया गया, तो वे न्यायालय की शरण लेने के लिए बाध्य होंगे, और इससे उत्पन्न होने वाली किसी भी प्रकार की क्षति के लिए शासन व संबंधित विभाग पूर्ण रूप से उत्तरदायी होंगे।

इस पूरे प्रकरण ने स्थानीय स्तर पर प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं, और आने वाले दिनों में यह विवाद और अधिक गहराने की संभावना जताई जा रही है।

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *