अन्तर्राज्यीय चोर गिरोह’’ पर बिलासपुर पुलिस का करारा प्रहार, 48 घंटे में 5 आरोपी गिरफ्तार

अन्तर्राज्यीय चोर गिरोह’’ पर बिलासपुर पुलिस का करारा प्रहार, 48 घंटे में 5 आरोपी गिरफ्तार


बिलासपुर, 30 अप्रैल 2025:
बिलासपुर पुलिस ने एक अंतर्राज्यीय ठग/चोर गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए 14 लाख के सोने-चांदी के जेवर, नगदी और कार समेत कुल 22 लाख रुपए की संपत्ति बरामद की है। गिरोह में शामिल 5 आरोपियों को 48 घंटे के भीतर गिरफ्तार किया गया।

मुख्य बिंदु:

  • रायपुर, राजनांदगांव व बिलासपुर के ज्वेलरी शॉप में की गई चोरियों का खुलासा
  • गिरोह में शामिल 3 महिलाएं व 2 पुरुष आरोपी इलाहाबाद (उ.प्र.) के निवासी
  • नकली सोना दिखाकर असली जेवर व नकदी ठगने का तरीका
  • ACCU (सायबर सेल) व थाना सिटी कोतवाली की संयुक्त कार्रवाई
  • 200 से अधिक CCTV फुटेज खंगालकर आरोपियों की पहचान
  • आरोपियों के पास से:
    • 140 ग्राम सोना (करीब 14 लाख रुपये मूल्य)
    • 3 किलो चांदी के जेवर
    • 94 हजार रुपये नकद
    • चोरी में प्रयुक्त मारुती बलेनो कार (मूल्य 6 लाख)

घटना विवरण:
28 अप्रैल को बिलासपुर के गोलबाजार स्थित हिम्मत लाल ज्वेलर्स में दो महिलाओं ने नकली सोना दिखाकर 4.55 लाख रुपये मूल्य का असली सोना व नकदी ठग ली। घटना की रिपोर्ट पर तत्काल जांच शुरू की गई और CCTV फुटेज, साइबर विश्लेषण के ज़रिये संदिग्धों की पहचान कर पुलिस टीम ने महाराष्ट्र के भंडारा ज़िले में दबिश देकर सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपी:

  1. प्रदीप सोनी (21), इलाहाबाद
  2. मालती सोनी (52), नैनी इलाहाबाद
  3. पूनम सोनी (36), इलाहाबाद
  4. राहुल सोनी उर्फ मनीष (22), शांति पुरम, इलाहाबाद
  5. श्याम सोनी (35), इलाहाबाद

जाँच में खुलासे:

  • आरोपियों ने रायपुर के माँ बंजारी ज्वेलर्स (थाना उरला) व राजनांदगांव के लक्ष्मी ज्वेलर्स में भी चोरी की वारदातें कबूलीं।
  • गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश और प्रदेश की अन्य चोरियों से संबंध की जांच जारी।

पुलिस नेतृत्व:
पुलिस महानिरीक्षक संजीव शुक्ला और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के मार्गदर्शन में की गई इस त्वरित और तकनीकी रूप से सटीक कार्रवाई की सराहना की गई। ACCU प्रभारी राजेश मिश्रा, निरीक्षक अजहरउद्दीन और थाना प्रभारी विवेक पांडेय की टीम को पुलिस प्रशासन द्वारा सम्मानित किया जाएगा।

जांच जारी:
प्रदेश के अन्य जिलों में हुई चोरी की घटनाओं में भी इस गिरोह की संलिप्तता की जांच की जा रही है।


चाहें तो मैं इसका PDF, Word फॉर्मेट या सोशल मीडिया पोस्ट के लिए छोटा वर्जन भी तैयार कर सकता हूँ। क्या आप चाहेंगे?

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *