छत्तीसगढ़ी रैप के अग्रदूत एप्पी राजा नहीं रहे, प्रदेशभर में शोक की लहर

रायपुर, 16 जून 2026।
छत्तीसगढ़ी संगीत जगत से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। छत्तीसगढ़ी रैप को नई पहचान देने वाले चर्चित रैपर एप्पी राजा (Appy Raja) का सोमवार दोपहर लगभग 3 बजे रायपुर स्थित एम्स में निधन हो गया। वे पिछले कुछ समय से अस्वस्थ थे और उनका उपचार चल रहा था। उनके निधन की खबर सामने आते ही पूरे प्रदेश में शोक की लहर दौड़ गई। सोशल मीडिया पर हजारों प्रशंसक, कलाकार और शुभचिंतक उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं।
♦️साधारण युवा से छत्तीसगढ़ी रैप के प्रतीक बनने तक
एप्पी राजा ने उस दौर में छत्तीसगढ़ी भाषा में रैप संगीत की शुरुआत की, जब प्रदेश में इस शैली को बहुत कम लोग जानते थे। अपनी मातृभाषा, स्थानीय बोली, संस्कृति और युवाओं के मुद्दों को रैप के माध्यम से प्रस्तुत कर उन्होंने एक अलग पहचान बनाई। यही कारण रहा कि उन्हें छत्तीसगढ़ी रैप संस्कृति का अग्रदूत और कई लोग “छत्तीसगढ़ का पहला स्टार रैपर” भी मानते हैं।
उनकी लोकप्रियता केवल गीतों तक सीमित नहीं रही। उन्होंने छत्तीसगढ़ी युवाओं को अपनी भाषा और संस्कृति पर गर्व करना सिखाया। उनके गीतों में स्थानीय जीवन, संघर्ष, सपने और प्रदेश की पहचान झलकती थी।
♦️36गढ़ी रैप कल्चर के संस्थापक
एप्पी राजा के समर्थकों के अनुसार, उन्हें “36Gadi Rap” का संस्थापक माना जाता था। सोशल मीडिया और यूट्यूब के माध्यम से उन्होंने छत्तीसगढ़ी रैप को नई दिशा दी। उनके लाखों प्रशंसक थे और उनके वीडियो लगातार लोकप्रिय होते रहे।
उनके चर्चित गीतों में “CG Anthem”, “Raipur Anthem” और “Sun Raipur” सहित अनेक रचनाएं शामिल हैं, जिन्होंने युवाओं के बीच जबरदस्त लोकप्रियता हासिल की।
♦️पिता की टूटी आवाज: “मेरा होनहार बच्चा अब इस दुनिया में नहीं रहा”
एप्पी राजा के निधन के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। उनके पिता ने भावुक होकर कहा, “मेरा होनहार बच्चा अब इस दुनिया में नहीं रहा।” यह शब्द सुनकर उनके चाहने वालों की आंखें भी नम हो गईं। परिवार, मित्रों और समर्थकों के लिए इस क्षति को स्वीकार करना बेहद कठिन है।
♦️युवाओं के दिलों की धड़कन थे एप्पी राजा
एप्पी राजा ने सिर्फ संगीत नहीं बनाया, बल्कि एक आंदोलन खड़ा किया। उन्होंने साबित किया कि क्षेत्रीय भाषा में भी आधुनिक संगीत की मजबूत पहचान बनाई जा सकती है। उनके कारण अनेक युवा कलाकारों ने रैप और हिप-हॉप की दुनिया में कदम रखा।
आज छत्तीसगढ़ के कई युवा रैपर उन्हें अपना प्रेरणास्रोत मानते हैं। उनकी शैली, मंच प्रस्तुति और स्थानीय भाषा के प्रयोग ने उन्हें भीड़ से अलग बनाया।
♦️सोशल मीडिया पर श्रद्धांजलियों का सैलाब
निधन की खबर मिलते ही सोशल मीडिया पर श्रद्धांजलियों का सिलसिला शुरू हो गया। कलाकार, यूट्यूबर, सामाजिक कार्यकर्ता और हजारों प्रशंसक उनकी याद में पोस्ट साझा कर रहे हैं। प्रदेशभर में उनके समर्थकों के बीच गहरा दुख और शोक का माहौल व्याप्त है।
♦️अपूरणीय क्षति
एप्पी राजा का जाना केवल एक कलाकार का निधन नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ी रैप संस्कृति के एक महत्वपूर्ण अध्याय का अंत है। उन्होंने अपनी कला, मेहनत और जुनून से जो पहचान बनाई, वह आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी।
“रैप की धुनें थम सकती हैं, लेकिन एप्पी राजा की आवाज और उनकी विरासत छत्तीसगढ़ के युवाओं के दिलों में हमेशा जीवित रहेगी।”

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *